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DW Editorial

The first photograph of the entire globe: 50 years on, Blue Marble still inspires
DW Editorial, Latest News

The first photograph of the entire globe: 50 years on, Blue Marble still inspires

आज से 50 साल पहले अंतरिक्ष से पृथ्वी की सबसे सुंदर तस्वीर खींची गई थी, इसे ब्लू मार्बल नाम दिया गया The first photograph of the entire globe: 50 years on, Blue Marble still inspires JOIN OUR WHATSAPP GROUP आज से 50 साल पहले अंतरिक्ष से पृथ्वी की तस्वीर खींची गई थी। 7 दिसंबर, 1972 को ही अंतरिक्ष से पृथ्वी की सबसे सुंदर तस्वीर ली गई थी। अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा के आखिरी मैन्ड मिशन अपोलो-17 के क्रू ने स्पेसक्राफ्ट से पृथ्वी की यह फोटो खींची थी। इसे सबसे शानदार तस्वीर माना जाता है। इस शानदार तस्वीर को ब्लू मार्बल नाम दिया गया। इस तस्वीर के खास होने की विशेष यह वजह थी कि इसमें साउथ पोल भी नजर आया था। हालांकि, ये पूरा बादलों से ही घिरा दिख रहा था, लेकिन अफ्रीका इसमें एकदम साफ नजर आ रहा था।लेकिन अफ्रीका इसमें एकदम साफ नजर आ रहा था। नासा के चांद पर उसके आखिरी मैन्ड मिशन अपोलो-17 के...
29th Anniversary Of Demolition Of Babri Masjid
DW Editorial, In Pictures, Latest News, States, TRENDING, Uttar Pradesh

29th Anniversary Of Demolition Of Babri Masjid

29 साल पहले आज के दिन अयोध्या में लाखों कार सेवकों ने बाबरी मस्जिद का ढांचा गिराया था, वर्षों से चला रहा था विवाद 29th Anniversary Of Demolition Of Babri Masjid JOIN OUR WHATSAPP GROUP साल 1992 में आज के दिन अयोध्या में लाखों का सेवकों ने बाबरी मस्जिद का विवादित ढांचा गिरा दिया था। ‌उस समय केंद्र में कांग्रेस की सरकार थी और पीवी नरसिम्हा राव प्रधानमंत्री थे। राज्य में भाजपा कल्याण सिंह मंत्री थे।अयोध्या की बाबरी मस्जिद को लेकर सैकड़ों साल से विवाद चला आ रहा था। भाजपा नेता और पूर्व उप प्रधानमंत्री लालकृष्ण आडवाणी ने राम मंदिर निर्माण के लिए 1990 में आंदोलन शुरू किया। 5 दिसंबर 1992 की सुबह से ही अयोध्या में विवादित ढांचे के पास कारसेवक पहुंचने शुरू हो गए थे। उस समय सुप्रीम कोर्ट ने विवादित ढांचे के सामने सिर्फ भजन-कीर्तन करने की इजाजत दी थी। लेकिन अगली सुबह यानी 6 दिसंबर को भीड़ ...
Indian Navy Day 2022: साल 1971 में भारत-पाक युद्ध में भारतीय नौसेना ने देश को दिलाई थी जीत, उपलब्धियों से भरा रहा सफर
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Indian Navy Day 2022: साल 1971 में भारत-पाक युद्ध में भारतीय नौसेना ने देश को दिलाई थी जीत, उपलब्धियों से भरा रहा सफर

Indian Navy Day 2022: Importance, Significance and History JOIN OUR WHATSAPP GROUP आज भारतीय नौसेना दिवस है। हर साल 4 दिसंबर को देश में नौसेना दिवस (नेवी डे) मनाया जाता है। ‌यह दिन 1971 के भारत-पाक युद्ध के दौरान भारतीय नौसेना के 'ऑपरेशन ट्राइडेंट' की उपलब्धियों को याद करने के लिए मनाया जाता है। साथ ही इस दिन नौसेना के उन वीर योद्धाओं को भी याद किया जाता है, जिनकी बहादुरी और रण कौशल ने भारत की जीत सुनिश्चित की। नौसेना दिवस केवल एक ऐतिहासिक घटना की सालगिरह ही नहीं, बल्कि भारतीय नौसेना को सही परिपेक्ष्य में देखने का भी दिन है। 3 दिसंबर 1971 को भारत-पाकिस्तान के बीच युद्ध शुरू हुआ था। इसके अगले ही दिन इंडियन नेवी ने भी पाकिस्तान पर हमला बोल दिया। करीब 5 दिन तक ये पूरा ऑपरेशन चला। नेवी ने इसे "ऑपरेशन ट्राइडेंट" नाम दिया। इस पूरे ऑपरेशन में भारत को कोई नुकसान नहीं पहुंचा, जबकि पाकिस्ता...
Benazir Bhutto: first woman PM in the Muslim world
DW Editorial, Latest News

Benazir Bhutto: first woman PM in the Muslim world

34 साल पहले आज के दिन पाकिस्तान में पहली महिला प्रधानमंत्री बेनजीर भुट्टो ने संभाली थी सत्ता JOIN OUR WHATSAPP GROUP 34 साल पहले आज के दिन पाकिस्तान में पहली बार कोई महिला प्रधानमंत्री ने सत्ता संभाली थी। ‌ इस महिला का नाम था बेनजीर भुट्टो। बेनजीर को राजनीति विरासत में मिली थी। बेनजीर भुट्टो किसी मुस्लिम देश की पहली महिला प्रधानमंत्री थीं। उस समय उनकी उम्र सिर्फ 35 साल थी। पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री जुल्फिकार अली भुट्टो की सबसे बड़ी बेटी बेनजीर का जन्म 21 जून 1953 को कराची शहर में हुआ था। हायर एजुकेशन की पढ़ाई पूरी करने के बाद 1977 में बेनजीर लंदन से पाकिस्तान लौट आईं। 1978 में जनरल जिया उल-हक पाकिस्तान के राष्ट्रपति बने। उनके आते ही बेनजीर के पिता जुल्फिकार अली भुट्टो को हत्या के एक मामले में फांसी हो गई। पिता की मौत के बाद बेनजीर ने राजनीतिक विरासत को संभाला। 10 अप्रैल ...
150 साल पहले आज के दिन फुटबॉल का अंतरराष्ट्रीय मैच खेला गया, इन दोनों देशों के बीच हुआ था मुकाबला
DW Editorial, Football, Latest News, States, TRENDING

150 साल पहले आज के दिन फुटबॉल का अंतरराष्ट्रीय मैच खेला गया, इन दोनों देशों के बीच हुआ था मुकाबला

JOIN OUR WHATSAPP GROUP खाड़ी के देश कतर में इन दिनों दुनिया का सबसे लोकप्रिय खेल फुटबॉल का महाकुंभ फीफा वर्ल्ड कप का आयोजन हो रहा है। विश्व के तमाम देश फुटबॉल महोत्सव के रंग में रंगे हुए हैं। भारत में फुटबॉल इतना लोकप्रिय नहीं रहा जितना क्रिकेट है। ‌‌हालांकि, क्रिकेट का जन्म इससे करीब तीन दशक पहले 1844 में हो चुका था। फुटबॉल का पहला अंतरराष्ट्रीय मैच क्रिकेट के हरे भरे मैदान पर खेला गया, लेकिन आज क्रिकेट का नहीं, बल्कि दुनियाभर में फुटबॉल का बोलबाला है। विदेशी खिलाड़ी क्रिकेटर कम, फुटबॉलर ज्यादा बनना चाहते हैं। भारत में आज भी फुटबॉल की जगह बच्चे क्रिकेट को महत्व देते हैं, क्योंकि भारत में फुटबॉल के खेल में उतनी शौहरत और दौलत नहीं है, जितनी कि क्रिकेट में है। आज की तारीख फुटबॉल के लिए ऐतिहासिक मानी जाती है। ‌ 150 साल पहले 30 नवंबर 1872 में आज ही के दिन पहली बार इंटरनेशनल फुटबॉल म...
Bollywood film ‘Gangubai Kathiawadi’ paints an ambivalent picture of sex workers’ rights
Bollywood, DW Editorial, Latest News

Bollywood film ‘Gangubai Kathiawadi’ paints an ambivalent picture of sex workers’ rights

JOIN OUR WHATSAPP GROUP The film is loosely based on a chapter from the book ‘Mafia Queens of Mumbai.’ (Pen Movies/YouTube) Rajeshwari Nandkumar, McMaster University Earlier this year, the Bollywood film Gangubai Kathiawadi grabbed headlines for its bold portrayal of sex work in India. The film, which premiered at the Berlin Film Festival, has been widely viewed on Netflix and garnered global attention about how sex work isn’t recognized as a profession by law in most societies. Unlike Bollywood films that portray sex workers as women who ought to be rehabilitated into mainstream society, Gangubai Kathiawadi presents them as a group capable of mobilizing social change. Yet, despite its efforts to champion sex workers’ rights, certain elements in the film portray sex wo...
लोकतंत्र में अधिकार: महिलाओं ने आज के दिन पहली बार न्यूजीलैंड में अपने मताधिकार का किया था प्रयोग
DW Editorial, Latest News, TRENDING

लोकतंत्र में अधिकार: महिलाओं ने आज के दिन पहली बार न्यूजीलैंड में अपने मताधिकार का किया था प्रयोग

Women win the right to vote JOIN OUR WHATSAPP GROUP लोकतंत्र की दुनिया में महिलाओं के लिए आज की ऐतिहासिक तारीख है। 129 साल पहले आज के दिन 28 नवंबर 1893 को न्यूजीलैंड में पहली बार महिलाओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया था। ‌इसके लिए सोशल एक्टिविस्ट महिला केट शेफर्ड ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्हीं की वजह से दुनिया में पहली बार लोकतंत्र में महिलाओं की भागीदारी हुई थी। महिलाओं को वोट दिलाने के लिए केट शेफर्ड ने बहुत ही संघर्ष किया। केट ने 1891, 1892 और 1893 में वोटिंग के लिए आंदोलन किये थे। महिलाओं को वोटिंग का अधिकार दिलाने की लड़ाई के लिए वुमंस क्रिश्चियन टेम्परेंस यूनियन बना, जिसकी लीडर केट शेपर्थ थीं। केट शेपर्थ ने ही महिलाओं को वोटिंग के अधिकार की लड़ाई लड़ी। इसके लिए उन्होंने एक पिटीशन पर साइन करवाए। शेपर्थ ने करीब तीन साल मेहनत की। तब जाकर 32 हजार महिलाओं के साइन मिल पाए। ...
National Milk Day, History, White Revolution – Celebrating Dr. Verghese Kurien’s birthday 
DW Editorial, Latest News, States

National Milk Day, History, White Revolution – Celebrating Dr. Verghese Kurien’s birthday 

देश में श्वेत क्रांति के जनक वर्गीज कुरियन आज ही जन्म हुआ था, अमूल कंपनी की स्थापना की थी National Milk Day, History, White Revolution - Celebrating Dr. Verghese Kurien's birthday  JOIN OUR WHATSAPP GROUP साठ के दशक में भारत में श्वेत क्रांति की शुरुआत करने वाले मिल्क मैन के रूप में विख्यात हुए वर्गीज कुरियन का आज ही जन्म हुआ था। 26 नवंबर 1921 को केरल के कोझिकोड़ में जन्मे वर्गीज कुरियन ने देश के घर-घर में दूध को ब्रांड के रूप में फैलाया। ‌आज भारत में ही नहीं बल्कि तमाम देशों में अमूल भी उन्हीं की देन है। केरल के 28 साल के मैकेनिकल इंजीनियर वर्गीज कुरियन डेयरी संचालन के लिए सरकारी कर्मचारी के तौर पर 1949 में गुजरात के आणंद शहर पहुंचे थे। तब कोई नहीं जानता था कि डॉ. कुरियन आणंद को भारत की दुग्ध राजधानी बना देंगे। उनके संचालन में 1955 में अमूल (आनंद मिल्क यूनियन लिमिटेड) का जन्म ...
Remembering 26/11 Mumbai attack
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Remembering 26/11 Mumbai attack

26/11 के 14 साल: आतंकियों के हमले से दहल गई थी मुंबई, 60 घंटे तक सपनों की नगरी की थम गई थी रफ्तार 26/11 Mumbai attack JOIN OUR WHATSAPP GROUP भारत के इतिहास के सबसे काले दिनों में से एक 26/11 को आतंकवादियों ने अब तक के सबसे क्रूर आतंकी हमलों को अंजाम दिया था। आतंकियों के इस खूनी खेल से पूरा देश सहम गया था।‌‌ सपनों के शहर मुंबई में लाशों के ढेर बिछे थे। कभी न रुकने वाला यह शहर थम गया था। 14 साल पहले 26 नवंबर 2008 की शाम को मुंबई रोज की तरह दौड़ रही थी। ‌उस रात समुद्र के रास्ते अजमल कसाब और उसके 9 साथी हाथ में हथियार लेकर अरब सागर से होते हुए मुंबई में दाखिल हुए। इन 10 आतंकियों के बैग में 10 एके-47, 10 पिस्टल, 80 ग्रेनेड, 2 हजार गोलियां, 24 मैगजीन, 10 मोबाइल फोन, विस्फोटक और टाइमर्स रखे थे। उनका मुख्य मकसद आतंक फैलाना और कुछ प्रमुख आतंकवादियों को कंधार अपहरण मामले से छुड़वाना था।...
National Milk Day, History, White Revolution – Celebrating Dr. Verghese Kurien’s birthday 
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National Milk Day, History, White Revolution – Celebrating Dr. Verghese Kurien’s birthday 

देश में श्वेत क्रांति के जनक वर्गीज कुरियन आज ही जन्म हुआ था, अमूल कंपनी की स्थापना की थी National Milk Day, History, White Revolution - Celebrating Dr. Verghese Kurien's birthday  JOIN OUR WHATSAPP GROUP साठ के दशक में भारत में श्वेत क्रांति की शुरुआत करने वाले मिल्क मैन के रूप में विख्यात हुए वर्गीज कुरियन का आज ही जन्म हुआ था। 26 नवंबर 1921 को केरल के कोझिकोड़ में जन्मे वर्गीज कुरियन ने देश के घर-घर में दूध को ब्रांड के रूप में फैलाया। ‌आज भारत में ही नहीं बल्कि तमाम देशों में अमूल भी उन्हीं की देन है। केरल के 28 साल के मैकेनिकल इंजीनियर वर्गीज कुरियन डेयरी संचालन के लिए सरकारी कर्मचारी के तौर पर 1949 में गुजरात के आणंद शहर पहुंचे थे। तब कोई नहीं जानता था कि डॉ. कुरियन आणंद को भारत की दुग्ध राजधानी बना देंगे। उनके संचालन में 1955 में अमूल (आनंद मिल्क यूनियन लिमिटेड) का जन्म ...