मंगलवार, अक्टूबर 4Digitalwomen.news

दिल्ली में हर घण्टे काटे जा रहे हैं तीन पेड़, हाई कोर्ट हुआ शख़्त

3 trees cut every hour in past three years, Delhi HC told
JOIN OUR WHATSAPP GROUP

नई दिल्ली, 13 जुलाई। दिल्ली में प्रदूषण को लेकर लगातार केजरीवाल सरकार काम करने का दावा कर रही है। लेकिन हाई कोर्ट ने उसके इस दावे पर सवाल उठा दिए हैं। दिल्ली में हरे पेड़ों को काटने पर रोक को लेकर एक याचिका की सुनवाई हो रही थी। जिसमें हाई ने साफ तौर पर कहा है कि दिल्ली 77 हज़ार पेड़ों का नुकसान नहीं झेल सकती।

3 trees cut every hour in past three years, Delhi HC told

बताया जा रहा है कि बढ़ती आबादी और भाजपा द्वारा केजरीवाल पर लगाये जा रहे अवैध कॉलोनियों के निर्माण के कारण दिल्ली में पेड़ों को काटा जा रहा है। सरकारी आंकड़ों की माने तो दिल्ली में पिछले तीन सालों में हर घंटे तीन पेड़ काटे गए हैं इसमें अनाधिकृत रूप से काटे गए पेड़ शामिल नहीं हैं। अनधिकृत रूप से काटे गए पेड़ों को जोड़ दिया जाए तो हर घण्टे लगभग 6 पेड़ काटे गए हैं जिसकी जानकारी खुद हाई कोर्ट ने दी है।

Delhi can’t afford to loose 77,240 trees in 3 years says ‘Delhi High Court’

हाई कोर्ट में जो हलफनामा दाखिल किया गया है उसके मुताबिक 2019,2020 और 2021 के बीच 77,420 पेड़ों को काटने की अनुमति दी गई।यानी एक वर्ष में करीब 8765.82 घंटे होते हैं। यानी तीन वर्ष में 8765.82 x3 घंटे यानी 26297 घंटे होगे। इस तरह हर घंटे करीब तीन पेड़ काटे गए।

अभी हाल ही में दिल्ली सरकार आधुनिक तकनीक प्रयोग करने का दावा कर रही थी, लेकिन जब हाई कोर्ट में पेड़ों के ट्रांसप्लांटेशन के बारे में पूछा गया तो चुप्पी साध ली गई। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, पश्चिम वन प्रभाग के अधिकारियों ने पिछले तीन वर्षों में राजधानी के सभी वन प्रभागों में से अधिकतम 8,953 पेड़ काटने और 13,486 पेड़ लगाने की अनुमति दी है।

वन विभाग ने इस अवधि के दौरान केंद्रीय वन प्रभाग में 2,866 पेड़ काटने और 701 पेड़ लगाने की अनुमति दी।अधिकारियों ने एजेंसियों को उत्तरी वन प्रभाग में 689 पेड़ काटने और 269 पेड़ लगाने की अनुमति दी। जबकि दक्षिण वन प्रभाग में 982 पेड़ों की कटाई और 2,000 पेड़ों को लगाने की अनुमति दी। केजरीवाल सरकार अभी हाल ही में रीडेवेल्पमेंट के नाम पर 17000 पेड़ों को नया काटने की बात कही थी केजरीवाल का कहना था कि इसे शिफ्ट किया जाएगा जबकि हाई कोर्ट में जो हलफनामा है वह बिल्कुल इस दावे से अलग है।

Trees were being Cut down in Delhi during Lockdown tweeted by Vikrant

Leave a Reply

%d bloggers like this: